अज़ीज़ नाज़रीन,
भाई
असद की शहादत के बाद दिफ़ाई सरबराह ने बदला लेने की क़सम खाई थी जिसका आग़ाज़ हो चूका है। जिस ज़ाफ़रानी दहशत का वज़ीर तानाशाह ने ५६ दिनों के बाद भाई असद को शहीद किया
था दिफ़ाई सरबराह ने महज़ ६ घंटों में ही बदले का आग़ाज़ कर दिया। पहली हलाकत ख़ालिस्तान के भटिंडा में उस ही जगह पर
एक भारतीय फौजी को गोली मार कर ढेर कर दिया जहाँ ४ फौजियों को मौत के घाट उतारा था। आज बिहार के नालंदा में एक १९ साल की हिन्दू लड़की
को फांसी पर लटका दिया।
आज
ही देर शाम रात ९ बजे के क़रीब बीजेपी सियसतदाँ सुरेंद्र मटियाला को हिन्द की दारुल
ख़िलाफत दिल्ली में गोली मारकर ढेर कर दिया।
दिफ़ाई क़ियादत में फ़ौजिओं ने उसको
६ गोलियां मारी थी। शदीद ज़ख़्मी हालत में उसको
शिफ़ा ख़ाने में ले जाया गया जहां डॉक्टरों ने उसको मुर्दा क़रार कर दिया। दिल्ली के जर्राह ने बताया की बीजेपी का दहशत गर्द
लहू लूहान हालात में लाया गया था। उसके बदन
से ताज़ा लहू बह रहा था। उसके कपडे पूरे ख़ून
में भीगे हुए थे। हमने फ़ौरन उसको ड्रिप लगाया
और उसके कपडे फाड़े और इलाज शुरू कर दिया। लेकिन
थोड़ी ही देर की हमारी हिकमते अमली पूरी हुए और हमने उसको मुर्दा क़रार किया।
बीजेपी
के इस दहशतगर्द का क़तल द्वारका इलाक़े के बिंदापुर थाना हल्क़े में हुआ है. बीजेपी
सियासतदां सुरेंद्र मटियाल क़तल के वक्त उसके ऑफिस में बैठा था। जब दिफ़ाई फौजी अपने सरबराह का हुकुम मानते हुए उसके
ऑफिस में घुसे और डंके की चोट पर उसको गोलियों से छलनी कर दिया
दिफ़ाई इंतेबाह
कियों
बे योगी कैसा लग रहा है। कहा नहीं था एक के बदले ३०० ले जायेगें। कल एक फौजी आज एक
लड़की और अब यह बीजेपी वाला। कल ही फौजी की
मौत पर और असद भाई की शहादत के बाद बोला था गिनती चालू कर दो। चलो गिनती चालू रखो। बर्बाद कर देंगे योगी तेरे
को और तेरी तंज़ीम को। रगड़ कर रख देंगे। मट्टी में मिला देंगे।
हम
चाहे तो एक सेकंड ना लगे तेरे टकले को फोड़ने में और उसके अंदर गोली पम्प करने में।
लेकिन तुझको सब कुछ दिखा कर तेरी तंज़ीम को बर्बाद कर के तेरे मुल्क को को तबाह कर के
तेरे को घुटनो पर गिड़गिड़ाने के बाद तेरे को मारेंगे।
कल
कुछ संघी बोल रहे थे की योगी अगला पंथ प्रधान। उसने तो ५६ दिनों में बदला लिया और हमने
असद भाई की शहादत के ६ घंटों में ही मौत का तांडव शुरू कर दिया था। अब यह मौत का भोकाल किस किस की बली लेता है। कितनी
मौते और होंगी कितनी लाशें और गिरेगी। जो दिफ़ाई सरबराह ने बोला वोह कर के दिखाया उस
हिसाब से तो दिफ़ाई सरग़ना को अगला प्रधान मंत्री होना चाहिए।
क्या
नाम है उस खाकी सरग़ना का अमिताभ यश। ठीक है। उसने १०० मुसलमानों को शहीद किया है अभी तक हम ५
लाख से ज़्यादा कट्टरपंथी काफ़िरों, बीजेपी वालों और संघी दहशतगर्दों को मौत के घाट उतार
चुके हैं।
अपने
बेटे की मौत की खबर सून कर उसका बाप चीख पड़ा और टूट गया। वोह सर पर हाथ लगा कर रोता रहा। बीजेपी के दहशतगर्द की बेवा विलाप करने लगी। उसके घर में कोहराम मच गया। योगी को बेजीपी और पुलिस वालों की लाशों के सरों
के तोहफे अभी और मिलेंगे।
No comments:
Post a Comment